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ड्रम
(वितरण
सुधार, उन्नयन
एवं प्रबंध)
ड्रम
प्रशिक्षण
राष्ट्रीय
कार्यनीति
तथा वैकल्पिक
वित्तपोषण
के एक भाग
के रूप में,
ड्रम प्रशिक्षण
कार्यक्रम
को लगभग
25,000
विद्युत संस्थाओं
के इंजीनियरों,
प्रबंधकों,
विद्युत विनियामक
आयोग तथा विभिन्न
राज्यों के
कर्मचारियों
को प्रशिक्षण
प्रदान करने
के लिए गठित
किया गया है
। विद्युत
मंत्रालय
के मार्गदर्शन
में,विद्युत
क्षेत्र
एवं वितरण
सुधार गतिविधियों
में कार्यरत
15-20
क्षेत्रवार
विद्युत प्रशिक्षण
संस्थानों
के माध्यम
से उच्च प्रभावशाली
शिक्षा प्रदान
करने के लिए
क्षेत्रवार
लक्ष्य निर्धारित
किया गया है
। दिसंबर,
2006
तक 360
प्रशिक्षण
कार्यक्रमों
के माध्यम
से 8253
अधिकारियों
को प्रशिक्षण
दिलाया गया
। इस प्रशिक्षण
में एमडीआई,
गुड़गांव
द्वारा आयोजित
15
मासिक पीजीडीबीएम(ऊर्जा
प्रबंधन)
कार्यक्रम
शामिल है ।
दूरवर्त्ती
शिक्षा पद्धति
के माध्यम
से टेरी से
दो वर्षीय
एमबीए तथा
विद्युत वितरण
प्रबंधन में
6
मासिक एडवांस
सर्टिफिकेट
कार्यक्रम
भी आयोजित
किए गए ।
ड्रम
प्रशिक्षण
कार्यक्रम
के दो प्रमुख
उद्देश्य
इस प्रकार
है 1)
व्यावसायिक
प्रशिक्षण
संस्थानों
द्वारा बड़ी
संख्या में
वितरण इंजीनियरों,
प्रबंधकों
तथा तकनीशियनों
को दिए गए
तकनीकी एवं
प्रबंधकीय
प्रशिक्षण
की सुविधा
के माध्यम
से उनके ज्ञान
एवं अनुभव
में बढ़ोतरी
करना, 2)
वितरण व्यवसाय
प्रबंध, सुधार
एवं रेगूलेशन
संबंधी प्रशिक्षण
निरंतर डिलीवरी
के लिए चुनिंदा
भारतीय संस्थानों
के विकास एवं
सांस्थानिक
क्षमता वृद्धि
में सहयोग
करना ।
ड्रम
प्रशिक्षण
का उद्देश्य
वितरण विद्युत
संस्थाओं
के निम्नस्तर
के कर्मचारियों
जैसे लाइनमेन,फोरमेन
सहित प्रबंधकों,
इंजीनियरों,
तकनीशियनों
, इलेक्ट्रीशियन,मीटर
रीडर्स,बिल
कलैक्टर्स
तथा ग्राहक
इंटरफेस कर्मचारी
तक को प्रशिक्षित
करना है ।
ड्रम
प्रशिक्षण
कार्यक्रम
की विषय-वस्तु
निम्नलिखित
ड्रम प्रशिक्षण
कार्यक्रम
ड्रम प्रशिक्षण
संस्थान के
साथ सहयोग
से निर्धारित
की गई है
।
तकनीकी
विषय-वस्तु
1.
वितरण प्रणाली
कार्य प्रचालन
एवं अनुरक्षण(ओ
एंड एम)
में सर्वोत्तम
प्रेक्टिस
2.
जीआईएस-की
सहायता से
नेटवर्क योजना,
विश्लेषण
तथा परिसंपत्ति
प्रबंधन
3.
वितरण हानियों
में कमी
4.
वितरण कुशलता
एवं मांग साइड
प्रबंधन(डीएसएम)
5.
कृषि पंप सेट(ग्रामीण
डीएसएम)
में सर्वोत्तम
प्रेक्टिस
6.
बिजली सुरक्षा
प्रक्रिया,
दुर्घटना
रोकथाम तथा
आपद प्रबंधन
प्रबंधन
विषय-वस्तु
1.
कार्य-निष्पादन
बैंचमार्किंग
तथा सप्लाई
एवं सर्विस
की क्वालिटी
2.
ग्राहक संतुष्टि,
संचार एवं
आउटरिच
3.
वितरण व्यवसाय
प्रबंधन तथा
आईटी आधारित
समाधान
4.
वितरण व्यवसाय
का वित्तीय
प्रबंधन
5.
वितरण व्यवसाय
का रेगुलेशन
6.
विद्युत
वितरण में
परिवर्तन
प्रबंधन
7.
ग्रामीण विद्युत
आपूर्ति तथा
भागीदारी
मॉडल्स
सहायक
विषय-वस्तु
1.
परियोजना
विकास एवं
डीपीआर तैयारी
2.
संचार दक्षता,
कार्मिक प्रेरणा
एवं मनोबल
बढ़ाना ।
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